Delhi News: देश की राजधानी दिल्ली में यमुना नदी को प्रदूषण मुक्त बनाने की दिशा में केंद्र सरकार ने एक बेहद बड़ा और अहम कदम उठाया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हाल ही में यमुना शुद्धिकरण से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट्स का आधिकारिक तौर पर शुभारंभ किया है। इस महत्वाकांक्षी योजना पर 9000 करोड़ रुपये से ज्यादा की भारी-भरकम राशि खर्च की जाएगी, जिसका मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय राजधानी में गंदे पानी की समस्या पर रोक लगाना है।
इस बड़े अभियान के तहत कुल 9941 करोड़ रुपये की लागत वाली 10 बड़ी परियोजनाओं का लोकार्पण किया गया है, साथ ही 33 नई योजनाओं की शुरुआत के लिए भूमि पूजन भी संपन्न हुआ। गृह मंत्री अमित शाह द्वारा उठाए गए इस कदम को दिल्ली की राजनीति और पर्यावरण दोनों के लिहाज से काफी अहम माना जा रहा है, क्योंकि लंबे समय से यमुना की खराब होती स्थिति राजनीतिक बहस का बड़ा मुद्दा रही है।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, इन नई परियोजनाओं के जमीन पर उतरने के बाद लाखों लीटर गंदे पानी को सीधे तौर पर नदी में गिरने से पहले पूरी तरह शुद्ध किया जा सकेगा। इस प्रोजेक्ट के दायरे में दिल्ली की कई घनी आबादी वाली कॉलोनियां और इलाके शामिल किए गए हैं, जिनमें रण होल कॉलोनी, बवाना, बाटला हाउस, गोकलपुरा, गोंडा और यमुना विहार जैसे प्रमुख क्षेत्र आते हैं।
समीक्षा बैठकों और उद्घाटन समारोह के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री ने आने वाले साल 2029 तक यमुना नदी को पूरी तरह निर्मल और स्वच्छ बनाने का दृढ़ संकल्प दोहराया है। सरकार का यह प्रयास न केवल दिल्ली के पर्यावरण को सुधारने में मददगार साबित होगा, बल्कि शहर के नागरिकों को एक साफ-सुथरा और स्वस्थ पारिस्थितिकी तंत्र देने की दिशा में भी एक मील का पत्थर साबित होगा।










