Translate Your Language :

Home » उत्तर प्रदेश » लखनऊ » Lucknow News: डॉ. विद्यासागर उपाध्याय को पंजाब कला साहित्य अकादमी का सर्वोच्च सम्मान

Lucknow News: डॉ. विद्यासागर उपाध्याय को पंजाब कला साहित्य अकादमी का सर्वोच्च सम्मान

Facebook
X
WhatsApp

Lucknow News:  प्रदेश के लिए यह अत्यंत गौरव का क्षण है कि भारतीय दर्शन के सुप्रसिद्ध विद्वान, 20 मौलिक ग्रंथों के रचनाकार, अंतरराष्ट्रीय वक्ता और ख्यातिलब्ध शिक्षाविद डॉ. विद्यासागर उपाध्याय को पंजाब कला साहित्य अकादमी, जालन्धर (पंजाब) द्वारा अपने सर्वोच्च अकादमी सम्मान के लिए आमंत्रित किया गया है। यह उपलब्धि न केवल उनके व्यक्तिगत योगदान का सम्मान है, बल्कि भारतीय ज्ञान–परंपरा की अंतरराष्ट्रीय प्रतिष्ठा का भी प्रमाण है।

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

7 दिसम्बर 2025 को जालन्धर में होगा सम्मान समारोह

अकादमी का 29वां वार्षिक पुरस्कार वितरण समारोह 7 दिसम्बर 2025 को जालन्धर प्रेस क्लब में आयोजित किया जा रहा है। इस दौरान देश–विदेश की प्रमुख हस्तियों की उपस्थिति में डॉ. उपाध्याय को यह प्रतिष्ठित सम्मान प्रदान किया जाएगा। पंजाब कला साहित्य अकादमी का यह समारोह उत्तर भारत की साहित्यिक और सांस्कृतिक दुनिया का एक अत्यंत गरिमापूर्ण आयोजन माना जाता है, जिसकी प्रतीक्षा विद्वान प्रत्येक वर्ष उत्सुकता से करते हैं।

सम्मान की घोषणा होते ही राजधानी लखनऊ में खुशी और उत्साह का वातावरण बन गया है। शहर के साहित्यकारों, शिक्षाविदों, बुद्धिजीवियों और विद्यार्थियों के बीच प्रसन्नता की लहर दौड़ गई है। लोग सोशल मीडिया और संदेशों के माध्यम से लगातार डॉ. उपाध्याय को शुभकामनाएँ दे रहे हैं, जिससे राजधानी का बौद्धिक वातावरण और भी जीवंत हो उठा है।

वरिष्ठ साहित्यकारों ने बताया- ‘प्रदेश के लिए प्रेरणा का क्षण’

लखनऊ के वरिष्ठ साहित्यकार और शिक्षाविद- डॉ. महेन्द्र भीष्म, डॉ. राम सुधार सिंह, डॉ. सीमा मधुरिमा, डॉ. सुरभि सिंह, डॉ. वेदव्रत वाजपेई, स्वामी कौशिक चैतन्य, प्रेमिल द्विवेदी, राम महेश मिश्र, राहुल पाण्डेय, दिलीप आर्य और दयानन्द पाण्डेय ने डॉ. उपाध्याय के चयन को प्रदेश की गौरवशाली ज्ञान–परंपरा के अनुरूप बताया है। इन विद्वानों ने इसे पूरे प्रदेश के लिए सम्मान और प्रेरणा का क्षण करार दिया है। उनके अनुसार साहित्य, दर्शन और भारतीय ज्ञान–परंपरा को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित करने में डॉ. उपाध्याय के योगदान को पंजाब कला साहित्य अकादमी द्वारा प्रदान की गई यह विशेष मान्यता अत्यंत सार्थक और प्रेरणादायी है।

प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत को नई पहचान

लगभग चार दशकों से पंजाब कला साहित्य अकादमी देश और विदेश की श्रेष्ठतम विभूतियों को साहित्य, कला, संस्कृति, दर्शन, समाजसेवा, पत्रकारिता, प्रशासन और संगीत जैसे क्षेत्रों में सम्मानित करती आई है। इसी गौरवशाली परंपरा के अंतर्गत डॉ. विद्यासागर उपाध्याय को मिलने वाला यह सम्मान लखनऊ में व्यापक गर्व का विषय बना हुआ है। बुद्धिजीवी वर्ग का मानना है कि यह सम्मान केवल एक व्यक्ति विशेष का नहीं, बल्कि प्रदेश की समृद्ध बौद्धिक और सांस्कृतिक विरासत का सम्मान है।

Shivam Verma
Author: Shivam Verma

Description

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

ताजा खबरें