दीपावली के पावन पर्व से ठीक पहले भारतीय शेयर बाजार ने एक नया इतिहास रचते हुए जबरदस्त छलांग लगाई है। सप्ताह के पहले कारोबारी दिन यानी सोमवार को निवेशकों के चेहरे पर खुशी साफ दिखाई दी, क्योंकि बाजार में जबरदस्त रौनक देखने को मिली। कारोबार के अंत में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 1,233.25 अंकों की भारी भरकम तेजी के साथ 75,692.78 के स्तर पर बंद हुआ। इसके अलावा नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी पीछे नहीं रहा और 387.70 अंकों की शानदार बढ़त के साथ 23,440.80 के स्तर पर बंद होने में कामयाब रहा।
इस शानदार तेजी के पीछे मुख्य रूप से कमोडिटीज और एनर्जी सेक्टर के शेयरों का जोरदार प्रदर्शन रहा। बाजार के आंकड़ों पर नजर डालें तो निफ्टी ऑयल एंड गैस में 5.95 प्रतिशत और निफ्टी कमोडिटीज में 4.01 प्रतिशत की धमाकेदार तेजी दर्ज की गई, जिससे ये दोनों सेक्टर्स टॉप गेनर्स की सूची में सबसे आगे रहे। इसके साथ ही एनर्जी, इन्फ्रास्ट्रक्चर, मेटल और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स जैसे सूचकांकों में भी निवेशकों ने जमकर खरीदारी की, जिससे बाजार के सभी प्रमुख पिलर्स मजबूत स्थिति में नजर आए।
शेयर बाजार के जानकारों का मानना है कि इस बार त्योहारी सीजन में घरेलू मांग काफी मजबूत रही है, जिसका सीधा असर कंपनियों के वित्तीय परिणामों पर पड़ा है। अक्टूबर महीने में यात्री वाहनों की बिक्री में हुई बंपर वृद्धि और सकल जीएसटी संग्रह में आया उछाल इस बात का सबूत है कि देश की अर्थव्यवस्था सही दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। इसके अलावा दूसरी तिमाही के उम्मीद से बेहतर नतीजे आने के कारण भी निवेशकों का कॉन्फिडेंस काफी ज्यादा बढ़ गया है।
सिर्फ लार्जकैप ही नहीं बल्कि बाजार के छोटे और मंझोले शेयरों यानी मिडकैप और स्मॉलकैप सेगमेंट में भी जबरदस्त खरीदारी का माहौल देखने को मिला। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 682.15 अंकों की मजबूती के साथ बंद हुआ, जो यह दर्शाता है कि छोटे निवेशकों की भागीदारी भी बाजार में लगातार बढ़ रही है। रिलायंस इंडस्ट्रीज, टाटा स्टील, एसबीआई और मारुति सुजुकी जैसी दिग्गज कंपनियों के शेयरों में हुई लिवाली ने भी सेंसेक्स को इस मुकाम तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।
वैश्विक स्तर पर मिले-जुले संकेतों के बीच कच्चे तेल की कीमतों में नरमी आने से भी भारतीय बाजारों को बहुत बड़ी राहत मिली है। अमेरिका और ईरान के बीच राजनयिक कोशिशों के दोबारा शुरू होने से वैश्विक ऊर्जा बाजार में स्थिरता आई है, जिसका सकारात्मक असर घरेलू निवेशकों पर पड़ा। कुल मिलाकर दीपावली से पहले बाजार की इस रिकॉर्ड तोड़ तेजी ने निवेशकों की दीवाली को और भी ज्यादा रोशन कर दिया है और आगे भी बाजार में ऐसे ही सकारात्मक रुझान बने रहने की पूरी उम्मीद जताई जा रही है।










