उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले में कानून व्यवस्था को चुनौती देने वाले अपराधियों के खिलाफ पुलिस ने कड़ी कार्रवाई की है। कुरावली थाना क्षेत्र के अंतर्गत घिरोर रोड पर वाहन लूट की वारदातों को अंजाम देने वाले शातिर बदमाशों के साथ पुलिस की आमने-सामने की मुठभेड़ हो गई। इस दौरान जवाबी कार्रवाई में एक मुख्य आरोपी के पैर में गोली लग गई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घायल बदमाश को मौके से ही धर दबोचा और तुरंत इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसका इलाज जारी है।
पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, पकड़ा गया आरोपी शातिर किस्म का है जिसकी पहचान अभिमन्यु उर्फ राजा उर्फ हनी के रूप में हुई है। यह बदमाश अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर सुनियोजित तरीके से वाहन लूटने का अवैध धंधा चलाता था। इस गिरोह ने कुछ दिन पहले औरैया जिले से एक चार पहिया गाड़ी को किराए पर बुक किया था। सफर के दौरान कुरावली थाना क्षेत्र में गाड़ी रुकवाकर चालक को जबरन नीचे उतार दिया गया और वाहन लेकर फरार हो गए थे। यह सनसनीखेज वारदात 26 और 27 अक्टूबर की दरमियानी रात को अंजाम दी गई थी, जिसके बाद से ही स्थानीय पुलिस और खुफिया विभाग इन बदमाशों की तलाश में जुटा हुआ था।
इस गंभीर मामले का संज्ञान लेते हुए मैनपुरी के पुलिस अधीक्षक ने अपराधियों की धरपकड़ के लिए विशेष रणनीतिक योजना बनाई थी। इसके तहत क्षेत्राधिकारी कुरावली, स्थानीय थाना प्रभारी और स्वाट एवं सर्विलांस सेल के प्रभारियों की अगुवाई में कुल पांच विशेष पुलिस टीमों का गठन किया गया था। इन सभी टीमों ने आधुनिक तकनीक, सीसीटीवी कैमरों की फुटेज, सर्विलांस नेटवर्क और मुखबिर तंत्र की मदद से जाल बिछाया था। पुलिस की इस संयुक्त और मुस्तैद कार्रवाई के परिणामस्वरूप ही आरोपियों की सटीक लोकेशन का पता लगाया जा सका।
घेराबंदी के दौरान जब पुलिस ने बदमाशों को पकड़ने का प्रयास किया, तो आरोपियों की तरफ से सुरक्षा बलों पर फायरिंग शुरू कर दी गई। आत्मरक्षा में पुलिस द्वारा की गई जवाबी कार्रवाई में मुख्य आरोपी अभिमन्यु के पैर में गोली जा लगी और वह जमीन पर गिर पड़ा। हालांकि, इस मुठभेड़ का फायदा उठाकर उसके दो अन्य शातिर साथी, जिन्हें छोटू और ध्रुव के रूप में पहचाना गया है, अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भाग निकलने में कामयाब हो गए। पुलिस बल ने घटनास्थल से लूटी गई चार पहिया कार और एक अवैध असलहा भी बरामद कर लिया है।
घटना के संबंध में अधिक जानकारी देते हुए अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अभिषेक तिवारी ने बताया कि पुलिस टीमों ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर इस पूरी वारदात का खुलासा किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपी का पुराना आपराधिक इतिहास भी खंगाला जा रहा है ताकि उसके अन्य कारनामों का भी पता चल सके। फिलहाल पुलिस के आला अधिकारियों की देखरेख में फरार चल रहे दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है और पूरे मामले में आगे की कानूनी कार्यवाही तेजी से की जा रही है।










