Translate Your Language :

Home » उत्तर प्रदेश » UP News: दुधवा राष्ट्रीय उद्यान में बनेंगे दो नए राइनो रिहैब्लिटेशन सेंटर, वन्य जीव संरक्षण को मिलेगा नया बल

UP News: दुधवा राष्ट्रीय उद्यान में बनेंगे दो नए राइनो रिहैब्लिटेशन सेंटर, वन्य जीव संरक्षण को मिलेगा नया बल

Two new Rhino Rehabilitation Centres
Facebook
X
WhatsApp

UP News: उत्तर प्रदेश में वन्य जीवों के संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। राज्य सरकार ने लखीमपुर खीरी स्थित दुधवा राष्ट्रीय उद्यान में दो नए राइनो रिहैब्लिटेशन सेंटर (RRA) स्थापित करने की घोषणा की है। इसका उद्देश्य न सिर्फ संकटग्रस्त प्रजाति गैंडा की सुरक्षा करना है, बल्कि इनके प्राकृतिक आवास को और बेहतर बनाना भी है।

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

दो नए केंद्र, गैंडों को मिलेगा सुरक्षित और प्राकृतिक ठिकाना

दुधवा राष्ट्रीय उद्यान में पहले से ही दो राइनो रिहैब्लिटेशन सेंटर कार्यरत हैं। अब यहां RRA-3 और RRA-4 की शुरुआत की जाएगी। इन केंद्रों में गैंडों को प्राकृतिक वातावरण में रहने की सुविधा दी जाएगी, जहां वे सामान्य जीवन जी सकें। इस दौरान उनकी निगरानी के लिए विशेष व्यवस्था की जाएगी, जिससे उनकी सुरक्षा पुख्ता हो सके।

वन विभाग के डिप्टी डायरेक्टर रंगाराजू के मुताबिक, इस परियोजना का मुख्य मकसद गैंडों के लिए एक सुरक्षित और संरक्षित प्राकृतिक आवास तैयार करना है। इसके साथ ही अन्य संकटग्रस्त वन्य जीवों को भी संरक्षण प्रदान किया जाएगा।

बजट स्वीकृत, खर्च होगा कई मदों में

इस परियोजना के लिए राज्य सरकार ने 1 करोड़ 50 लाख रुपये की राशि मंजूर की है। इसमें से 1.27 करोड़ रुपये गैंडों के प्राकृतिक आवास, जल स्रोतों और वनस्पतियों के संरक्षण में खर्च किए जाएंगे। 7 लाख रुपये औषधियों और रसायनों की व्यवस्था के लिए निर्धारित किए गए हैं। 4.80 लाख रुपये वृहत निर्माण कार्यों जैसे बाड़बंदी, पगडंडियों आदि पर खर्च होंगे। 3 लाख रुपये लघु निर्माण कार्यों के लिए निर्धारित हैं। वहीं 7 लाख रुपये मॉनिटरिंग उपकरणों, मशीनों और अन्य संयंत्रों की खरीद पर खर्च होंगे।

अवैध शिकार पर भी लगेगा अंकुश

गैंडों के संरक्षण के साथ-साथ यह योजना अवैध शिकार और अंगों की तस्करी पर रोक लगाने की दिशा में भी अहम कदम साबित होगी। वन विभाग द्वारा निगरानी तंत्र को मजबूत किया जाएगा और स्थानीय समुदायों को प्रशिक्षण देकर उन्हें भी इस मुहिम से जोड़ा जाएगा। इससे न केवल संरक्षण कार्यों में मदद मिलेगी बल्कि लोगों में जागरूकता और जिम्मेदारी की भावना भी विकसित होगी।

जैव-विविधता को भी मिलेगा संबल

यह पहल दुधवा क्षेत्र की जैव-विविधता को सहेजने में भी सहायक होगी। गैंडों के साथ अन्य वन्य जीवों को भी बेहतर वातावरण मिलेगा। वन्य जीवों की सुरक्षा के साथ-साथ यह परियोजना स्थानीय निवासियों की आर्थिक और सामाजिक भागीदारी को भी बढ़ावा देगी।

Shivam Verma
Author: Shivam Verma

Description

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

ताजा खबरें