Share Market: भारतीय शेयर बाजार में इन दिनों भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। गुरुवार को कारोबार की शुरुआत होते ही सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही सूचकांकों में गिरावट दर्ज की गई, जिससे निवेशकों के बीच चिंता का माहौल था। हालांकि, बाजार की इस सुस्त चाल के उलट चश्मा बनाने वाली प्रमुख कंपनी लेंसकार्ट के शेयरों ने जबरदस्त तेजी का प्रदर्शन किया है।
मार्केट ओपनिंग के साथ ही लेंसकार्ट सॉल्यूशंस के शेयरों में तूफानी उछाल देखा गया। कंपनी का शेयर अपने पिछले बंद भाव 585 रुपये से छलांग लगाकर करीब 626 रुपये के स्तर पर जा पहुंचा। यह तेजी लगभग 7 प्रतिशत के करीब रही, जिसने लेंसकार्ट को अपने 52 हफ्ते के नए शिखर पर पहुंचा दिया है। इस बड़ी बढ़त के बाद कंपनी का कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन 1.04 लाख करोड़ रुपये के जादुई आंकड़े को पार कर गया है।
लेंसकार्ट के शेयरों में आई इस रौनक के पीछे सबसे बड़ा कारण कंपनी के वित्तीय नतीजे हैं। वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में लेंसकार्ट ने शानदार प्रदर्शन किया है। ताजा आंकड़ों के अनुसार, कंपनी के टैक्स के बाद मुनाफे यानी पीएटी में सालाना आधार पर 182.3 प्रतिशत की बड़ी बढ़ोतरी हुई है, जिससे मुनाफा बढ़कर 228 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। पिछले साल इसी तिमाही में यह मुनाफा मात्र 61 करोड़ रुपये था।
मुनाफे के साथ ही कंपनी का ऑपरेशनल रेवेन्यू भी तेजी से बढ़ा है। पिछले साल की समान अवधि के 1,894 करोड़ रुपये के मुकाबले इस बार कंपनी का राजस्व 2,714 करोड़ रुपये दर्ज किया गया, जो कि करीब 33.6 प्रतिशत की सालाना वृद्धि दर्शाता है। मजबूत नतीजों और बेहतर राजस्व के चलते निवेशकों का भरोसा कंपनी पर और अधिक बढ़ गया है, जिसका सीधा असर शेयर की कीमतों में दिख रहा है।
दूसरी ओर, बाजार के अन्य बड़े शेयरों की स्थिति देखें तो रिलायंस, टाइटन और पावरग्रिड जैसी दिग्गज कंपनियों के शेयर लाल निशान में कारोबार करते दिखे। स्मॉलकैप और मिडकैप सेगमेंट में भी कई शेयरों में बिकवाली का दबाव देखा गया। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे अस्थिर बाजार में लेंसकार्ट जैसे मजबूत फंडामेंटल वाले शेयर ही निवेशकों के लिए मुनाफे की नई राह दिखा सकते हैं, हालांकि निवेश से पहले बाजार की चाल को समझना जरूरी है।
Author: Shivam Verma
Description










