Etah News: जनपद एटा के थाना सकरौली क्षेत्र में हुई दिनदहाड़े बाइक लूट की घटना का दो महीने बाद भी खुलासा नहीं हो सका है। मामले में अब तक न तो किसी आरोपी की गिरफ्तारी हुई है और न ही लूटी गई बाइक बरामद हो पाई है। ऐसे में पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं। पीड़ित लगातार अधिकारियों और थाना पुलिस के चक्कर काट रहा है, लेकिन उसे अब तक सिर्फ आश्वासन ही मिले हैं।
खेत जाते समय बदमाशों ने दिया वारदात को अंजाम
पीड़ित प्रशांत कुमार पुत्र प्रमोद कुमार, निवासी गांव मुड़समा थाना सकरौली, ने बताया कि 12 मार्च की दोपहर वह अपने खेत की ओर जा रहे थे। इसी दौरान पीछे से आए दो अज्ञात बदमाशों ने उन्हें धक्का देकर सड़क पर गिरा दिया और उनकी स्प्लेंडर प्लस मोटरसाइकिल संख्या UP 82 AA 1866 लूटकर फरार हो गए। दिनदहाड़े हुई इस घटना से इलाके में दहशत का माहौल फैल गया था।
घटना के तुरंत बाद पीड़ित ने थाना सकरौली में तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया। आरोप है कि इसके बाद पुलिस कार्रवाई केवल कागजी प्रक्रियाओं तक सीमित रह गई और मामले में कोई ठोस प्रगति नहीं हो सकी।
“हर बार सिर्फ आश्वासन मिला” — पीड़ित
प्रशांत कुमार का कहना है कि उन्होंने कई बार थाना पुलिस और उच्च अधिकारियों से मदद की गुहार लगाई, लेकिन हर बार उन्हें सिर्फ आश्वासन ही मिला। उनका आरोप है कि पुलिस मामले को गंभीरता से लेने के बजाय टालमटोल कर रही है। उन्होंने कहा कि मेहनत की कमाई से खरीदी गई बाइक आज तक बरामद नहीं हो सकी है, जिससे वह मानसिक परेशानी से गुजर रहे हैं।
पुलिस का दावा — जल्द होगा खुलासा
थाना प्रभारी नित्यानंद पांडे का कहना है कि मामले के खुलासे के लिए पुलिस पूरी तरह प्रयासरत है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा कर दिया जाएगा। हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले दो महीनों से लगातार “जल्द कार्रवाई” का यही दावा किया जा रहा है, लेकिन अब तक जमीन पर कोई ठोस परिणाम दिखाई नहीं दिया है।
ग्रामीणों में बढ़ रही असुरक्षा की भावना
ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में लगातार बढ़ रही आपराधिक घटनाओं पर पुलिस प्रभावी अंकुश लगाने में नाकाम साबित हो रही है। लोगों का कहना है कि अपराधियों में पुलिस का भय खत्म होता जा रहा है, जिससे आम जनता खुद को असुरक्षित महसूस कर रही है।
यह मामला सिर्फ एक बाइक लूट तक सीमित नहीं माना जा रहा, बल्कि जिले की कानून-व्यवस्था और पुलिस की सुस्त कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर रहा है। अब देखना होगा कि एटा पुलिस इस मामले का खुलासा कर जनता का भरोसा कायम कर पाती है या नहीं।
Author: Shivam Verma
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