Jalaun News: ग्राम पंचायत हरसिंगपुर (बरियापुर) में अनुरागिनी संस्था द्वारा आयोजित भव्य महिला सम्मेलन में सैकड़ों महिलाओं ने भाग लिया। “अनुरागिनी फॉर हर” पहल के तहत आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं को आजीविका, स्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करना था। इस महत्वपूर्ण आयोजन में उत्तर प्रदेश आलू विकास एवं विपणन सहकारी संघ, लखनऊ के सभापति विमल कटियार मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
महिलाओं का सशक्तिकरण
मुख्य अतिथि विमल कटियार ने कहा, “महिलाओं का सशक्तिकरण समाज की रीढ़ को मजबूत करता है। जब महिलाएं आत्मनिर्भर बनती हैं, तो पूरा परिवार और समाज प्रगति की ओर बढ़ता है। अनुरागिनी संस्था का यह प्रयास सराहनीय है, जो ग्रामीण महिलाओं को नई राह दिखा रहा है।”
अनुरागिनी संस्था के संस्थापक अध्यक्ष डॉ. प्रवीण सिंह जादौन ने कहा, “संस्था पिछले 28 वर्षों से महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए कार्य कर रही है। हमारा उद्देश्य है कि महिलाएं न केवल आर्थिक रूप से स्वतंत्र बनें, बल्कि स्वास्थ्य और पर्यावरण के प्रति भी जागरूक हों। यह सम्मेलन इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।”
आर्थिक आत्मनिर्भरता पर जोर
फ़र्रुख़ाबाद-कन्नौज जिला सहकारी बैंक लिमिटेड के निदेशक रामेंद्र कटियार ने अपने संबोधन में कहा कि गांवों की महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना हम सभी का साझा दायित्व है। उन्होंने स्वयं सहायता समूहों और सहकारी संस्थानों के माध्यम से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की बात कही।
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में जिला केंद्रीय उपभोक्ता सहकारी संघ के सभापति उपेंद्र सिंह राजावत एवं क्रय विक्रय सहकारी समिति जालौन के अध्यक्ष राजा सिंह उपस्थित रहे।
स्वरोजगार और स्वास्थ्य की जानकारी
ग्राम प्रधान बबली देवी ने बताया कि सम्मेलन के माध्यम से महिलाओं को स्वरोजगार, स्वास्थ्य देखभाल और पर्यावरणीय मुद्दों पर विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। संस्था के समन्वयक श्याम करण प्रजापति ने महिलाओं को आर्थिक स्वतंत्रता के विभिन्न पहलुओं जैसे स्व-रोजगार, सिलाई-कढ़ाई, जैविक खेती और स्वयं सहायता समूहों से आय बढ़ाने के तरीकों के बारे में जागरूक किया।
इसके साथ ही, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, कुपोषण, स्वच्छता और स्वस्थ जीवनशैली पर भी चर्चा हुई। पर्यावरण संरक्षण के तहत वृक्षारोपण, जल संरक्षण और कचरा प्रबंधन के विषयों पर भी विचार-विमर्श हुआ। इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को पर्यावरण के प्रति जागरूक करना और उनके नेतृत्व में स्थायी बदलाव लाना है।

उपहार और पोषण सामग्री का वितरण
डाबर इंडिया लिमिटेड के सहयोग से 150 महिलाओं को न्यूट्रिशनल ड्रिंक्स और साबुन वितरित किए गए, जिससे उनके पोषण स्तर में सुधार लाने और स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देने में सहायता मिले।
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ी महिलाओं ने भी इस कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर भाग लिया। उन्होंने अपने अनुभव साझा किए और नए अवसरों के बारे में जानकारी प्राप्त की। अनुरागिनी संस्था के समन्वयक प्रद्युम्न सिंह ने बताया कि यह पहल गांवों में महिलाओं को जागरूक और आत्मनिर्भर बनाने के लिए एक प्रभावी कदम साबित होगी।
कार्यक्रम का संचालन पूर्व प्रधान मदन कुशवाहा ने किया, जबकि संस्था की सचिव दीपा कुशवाहा ने आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर पंचायत सहायक कुमारी समीक्षा, बीसी सखी कल्पना, समूह सखी आशा देवी, आशा बहू अर्चना एवं किरण देवी समेत सैकड़ों महिलाएं उपस्थित रहीं।











